जनता दल (यूनाइटेड) ने बिहार की राजनीति में एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए “सद्भाव यात्रा” की घोषणा की है। पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष उमेश सिंह कुशवाहा ने मंगलवार को पटना स्थित जदयू प्रदेश कार्यालय के कर्पूरी सभागार में आयोजित प्रेस वार्ता में इसकी जानकारी दी।

उन्होंने बताया कि निशांत कुमार 3 मई से पश्चिमी चंपारण की धरती से इस यात्रा की शुरुआत करेंगे। यह यात्रा जिलावार आयोजित होगी, जिसमें वे पंचायत स्तर तक जाकर पार्टी कार्यकर्ताओं और आम लोगों से संवाद स्थापित करेंगे।
प्रदेश अध्यक्ष ने इस यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह बिहार की आने वाली 3-4 दशकों की राजनीति की दिशा और दशा तय करने में अहम भूमिका निभाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य में अब ऐसे नेतृत्व की जरूरत है, जो सभी वर्गों को साथ लेकर सद्भाव, सुशासन और सर्वांगीण विकास की दिशा में आगे बढ़ सके।
उन्होंने आगे कहा कि बिहार को आगे बढ़ाने के लिए वही नेतृत्व सक्षम है, जिसमें नीतीश कुमार के संस्कार, सुशासन मॉडल की समझ और जनता को साथ लेकर चलने की क्षमता हो।
इस अवसर पर पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और पदाधिकारी मौजूद रहे। जदयू के अनुसार, इस यात्रा को लेकर पूरे प्रदेश में कार्यकर्ताओं और आम जनता के बीच उत्साह का माहौल है।
निष्कर्ष:
“सद्भाव यात्रा” को जदयू बिहार में सामाजिक समरसता और राजनीतिक संवाद को मजबूत करने की दिशा में एक बड़े अभियान के रूप में देख रही है। अब देखना यह होगा कि यह पहल राज्य की राजनीति में कितना प्रभाव छोड़ती है।









