निशांत कुमार ने बुधवार को जनता दल (यू) के प्रदेश कार्यालय स्थित कर्पूरी सभागार में पूर्णिया एवं भागलपुर प्रमंडल के जिला और प्रखंड अध्यक्षों के साथ एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक की। इस बैठक में पार्टी संगठन को जमीनी स्तर पर और अधिक सशक्त बनाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।

बैठक में किशनगंज, पूर्णिया, कटिहार, अररिया, भागलपुर और बांका समेत कई जिलों के अध्यक्षों ने भाग लिया। इस दौरान संगठनात्मक गतिविधियों को तेज करने और कार्यकर्ताओं की भूमिका को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में उमेश सिंह कुशवाहा, ललन कुमार सर्राफ, संजय कुमार सिंह उर्फ गांधीजी सहित कई वरिष्ठ नेता उपस्थित रहे।
अपने संबोधन में निशांत कुमार ने कहा कि नीतीश कुमार के मार्गदर्शन में पार्टी को मजबूत बनाना और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने विशेष रूप से गरीब, दलित, पिछड़ा और अतिपिछड़ा वर्ग के लिए चल रही योजनाओं की सतत निगरानी की आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने बताया कि वर्ष 2005 के बाद बिहार में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए बड़े स्तर पर सुधार किए गए हैं। पुलिस थानों, बल और संसाधनों में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है, जिससे राज्य में शांति और विकास का माहौल बना है।
निशांत कुमार ने महिलाओं के सशक्तिकरण को लेकर भी सरकार की उपलब्धियों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि पंचायत और नगर निकायों में 50% आरक्षण तथा सरकारी नौकरियों में 35% आरक्षण ने महिलाओं को नई पहचान दी है। ‘जीविका’ योजना से जुड़ी करोड़ों महिलाएं आत्मनिर्भर बन रही हैं।
उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क और बिजली क्षेत्र में हुए विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि आज बिहार तेजी से आगे बढ़ रहा है। राज्य के किसी भी हिस्से से पटना तक पहुंचना अब आसान हो गया है और ग्रामीण क्षेत्रों में भी बिजली आपूर्ति में सुधार हुआ है।
अंत में उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि सरकार की उपलब्धियों और विकास कार्यों को जन-जन तक पहुंचाएं तथा संगठन को और मजबूत बनाएं।









